
बीजिंग/वॉशिंगटन। StealthMissile: चीन तेजी से अपनी सैन्य ताकत बढ़ाने में जुटा है और अब उसने ऐसी खतरनाक स्टील्थ क्रूज मिसाइल विकसित करने का दावा किया है, जो अमेरिकी रडार और एयर डिफेंस सिस्टम्स को भी चकमा दे सकती है। रक्षा विशेषज्ञों के मुताबिक यह मिसाइल पश्चिमी प्रशांत क्षेत्र में अमेरिकी विमानवाहक पोतों और नौसेना के लिए बड़ा खतरा बन सकती है। माना जा रहा है कि यह नई पीढ़ी की मिसाइल चीन के पांचवीं पीढ़ी के लड़ाकू विमानों चेंगदू J-20 और शेनयांग J-35 के साथ इस्तेमाल की जाएगी।
रिपोर्ट्स के अनुसार यह कॉम्पैक्ट स्टील्थ मिसाइल करीब 1,330 किलोमीटर तक हमला करने की क्षमता रखती है। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसे लॉन्च करने वाले चीनी लड़ाकू विमान दुश्मन के एयर डिफेंस दायरे में आए बिना ही दूर से हमला कर सकते हैं। इससे अमेरिकी नौसेना और उसके एयर डिफेंस सिस्टम्स को प्रतिक्रिया देने का समय काफी कम मिल सकता है।

रक्षा विश्लेषकों का कहना है कि इस मिसाइल को इस तरह डिजाइन किया गया है कि यह कम दृश्यता यानी लो ऑब्जर्वेबिलिटी के साथ लंबी दूरी तक सटीक हमला कर सके। PLA से जुड़े एक सेवानिवृत्त सैन्य टिप्पणीकार ने कहा कि इसकी “कम दृश्यता और लंबी दूरी” का कॉम्बिनेशन इसे बेहद घातक बनाता है। यह कई स्तरों वाली एयर और मिसाइल डिफेंस सिस्टम्स को भेदने में सक्षम हो सकती है।
हालांकि चीन ने अभी तक इस मिसाइल को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है, लेकिन रक्षा प्लेटफॉर्म्स और सैन्य विश्लेषकों के बीच इसकी खूब चर्चा हो रही है। कुछ रिपोर्ट्स में इसे अस्थायी तौर पर “YJ-20” नाम दिया जा रहा है, हालांकि इसका आधिकारिक नाम अभी तय नहीं हुआ है।
विशेषज्ञों का मानना है कि चीन अब ऐसा “किल चेन सिस्टम” तैयार कर रहा है, जिसके जरिए वह दुश्मन की सीमा में प्रवेश किए बिना उसके एयर डिफेंस सिस्टम, लड़ाकू विमान और युद्धपोतों को निशाना बना सके। अगर यह मिसाइल पूरी तरह ऑपरेशनल हो जाती है, तो अमेरिकी नौसेना को अपनी रणनीति, कैरियर ऑपरेटिंग दूरी और एयर डिफेंस लेयरिंग में बड़े बदलाव करने पड़ सकते हैं।
हालांकि अभी इस मिसाइल के परीक्षण, उत्पादन और तैनाती को लेकर स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है। इसके बावजूद चीन की इस नई सैन्य तकनीक ने अमेरिका समेत कई देशों की चिंता बढ़ा दी है।



