नई दिल्ली। लोकसभा में इस सप्ताह के अंत में राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम के 150 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में विशेष चर्चा आयोजित की जाएगी। इस अवसर पर लोकसभा सांसद को स्वतंत्रता आंदोलन में इस देशभक्ति गीत की भूमिका और इसकी समकालीन प्रासंगिकता पर चर्चा करेंगे।
कहा जा रहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भी इस चर्चा में भाग लेने की संभावना है। इसके लिए 10 घंटे का समय निर्धारित किया गया है। हालांकि विपक्षी सदस्य लगातार SIR पर चर्चा की मांग कर रहे हैं।
समाचार एजेंसी एएनआई को एक वरिष्ठ सांसद ने बताया, ‘इस सप्ताह के अंत में लोकसभा में वंदे मातरम के 150 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में एक विस्तृत और विशेष चर्चा होने की संभावना है। यह चर्चा संसद के शीतकालीन सत्र का एक प्रमुख आकर्षण होने की उम्मीद है। यह भारत की सांस्कृतिक विरासत, स्वतंत्रता आंदोलन में वंदे मातरम की भूमिका और समकालीन भारत में इसकी प्रासंगिकता पर चर्चा का अवसर प्रदान करेगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भी इस चर्चा में भाग लेने की संभावना है।’
उन्होंने कहा कि चर्चा उस रचना को उजागर करने की सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाएगी, जिसने स्वतंत्रता सेनानियों और राष्ट्र निर्माताओं की अनगिनत पीढ़ियों को प्रेरित किया है और यह भारत की राष्ट्रीय पहचान और सामूहिक भावना का एक स्थायी प्रतीक है। सूत्रों ने बताया कि सदन में इस विषय पर लगभग 10 घंटे चर्चा होने की उम्मीद है।

