रायपुर। छत्तीसगढ़ भाजपा के वरिष्ठ नेता और रायपुर से सांसद बृजमोहन अग्रवाल (Brijmohan Agrawal) को केंद्र में अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्हें संसद की विशेषाधिकार समिति का सदस्य नियुक्त किया गया है। इस नियुक्ति को छत्तीसगढ़ के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
संसद की विशेषाधिकार समिति का मुख्य कार्य लोकसभा और राज्यसभा के सदस्यों को प्राप्त विशेषाधिकारों की रक्षा करना है। यदि किसी सांसद के विशेषाधिकार का हनन होता है, तो यह समिति मामले की जांच कर अपनी अनुशंसा प्रस्तुत करती है।
समिति के अध्यक्ष के रूप में वरिष्ठ सांसद एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री रवि शंकर प्रसाद को दायित्व सौंपा गया है। यह समिति संसद की गरिमा और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा में महत्वपूर्ण कड़ी मानी जाती है।
बृजमोहन अग्रवाल राज्य सरकार में मंत्री के रूप में प्रशासनिक दक्षता का परिचय दे चुके हैं। संसद में भी उनकी सक्रिय और प्रभावी भागीदारी रही है। ऐसे में विशेषाधिकार समिति में उनकी नियुक्ति को उनके अनुभव और नेतृत्व क्षमता की पहचान माना जा रहा है।
अपनी नियुक्ति पर बृजमोहन अग्रवाल ने शीर्ष नेतृत्व का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि वे पूर्ण निष्ठा और पारदर्शिता के साथ समिति की जिम्मेदारियों का निर्वहन करेंगे तथा संसद की गरिमा और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देंगे।
संसद की विशेषाधिकार समिति में बृजमोहन अग्रवाल की नियुक्ति छत्तीसगढ़ के लिए सम्मान की बात मानी जा रही है। इससे राज्य का प्रतिनिधित्व केंद्र में और सशक्त होने की उम्मीद है।

